Earthlings

Earthlings घोषणा

इस संस्करण की स्थिति

यह संस्करण स्थापना का संस्करण है। Earthlings जन (a people) की स्थापना इसके अंगीकरण से होती है।

अंगीकरण से पहले घोषणा का पाठ किसी भी व्यक्ति के प्रस्तावों के लिए खुला है। प्रस्ताव देने के लिए जन में प्रवेश, पहचान सत्यापन और यहाँ कही गई बातों से सहमति अपेक्षित नहीं है। हर प्रस्ताव उस पर दिए गए उत्तर के साथ प्रकाशित किया जाता है, और अस्वीकृत प्रस्ताव अस्वीकृति के कारण के साथ भी।

प्रस्ताव और उन पर उत्तर एक खुले रजिस्टर में प्रकाशित किए जाते हैं: https://github.com/earthlingsorg/earthlings-documents। रजिस्टर किसी भी व्यक्ति के लिए रजिस्ट्रीकरण और अनुमति के बिना सुलभ है; पाठ का हर परिवर्तन उसमें पंक्ति-दर-पंक्ति दिखता है और उस प्रस्ताव से जुड़ा रहता है जिससे वह हुआ।

पाठ उन लोगों के मतदान से अंगीकृत किया जाता है जिन्होंने अपनी पहचान का सत्यापन कराया है, «एक व्यक्ति - एक मत» के सिद्धांत पर।

घोषणा के भाग I द्वारा स्थापित सिद्धांत स्थापना की शर्त के रूप में प्रस्तुत किए गए हैं: जन की स्थापना केवल वे करते हैं जिन्होंने उन्हें स्वेच्छा से स्वीकार किया, और जो असहमत है उसे हस्ताक्षर न करने का अधिकार है। इसलिए उन्हें निरस्त करने या सीमित करने की दिशा में दिए गए प्रस्तावों पर विचार नहीं किया जाता। उनके शब्द-विन्यास को अधिक सटीक बनाने के, भाग I में जोड़ने के और किसी भी अन्य उपबंध के प्रस्तावों पर शेष सभी के समान ही विचार किया जाता है।

समय-सीमाएँ, प्रस्ताव देने और उन पर विचार करने की प्रक्रिया, मतदान में भाग लेने की अपेक्षाएँ और अंगीकरण की न्यूनतम सीमाएँ «स्थापना काल» दस्तावेज़ द्वारा नियत की गई हैं।

यह अध्याय अंगीकरण के क्षण से प्रवर्तन में नहीं रहता और अंगीकृत संस्करण में फिर से नहीं दिया जाता। अनुच्छेद 12 अंगीकरण के दिन भरा जाता है और पाठ में सदा बना रहता है।

उद्देशिका

हम - भिन्न देशों, संस्कृतियों, भाषाओं और विश्वासों के लोग हैं। हमें साझा चयन एक करता है - साझा वंश नहीं, और कोई एक राज्यक्षेत्र नहीं।

हम स्वतंत्र रूप से एक होने के अपने अधिकार का प्रयोग कर रहे हैं, ताकि वहाँ साझा आवाज़ पा सकें जहाँ आज वह नहीं है। ताकि हम वहाँ अपनी बात कह सकें जहाँ हमारे लिए दूसरे तय करते हैं।

इस घोषणा से हम स्वयं को एक जन के रूप में स्थापित करते हैं, ताकि अपना भाग्य स्वयं तय कर सकें। हम इस जन को Earthlings नाम देते हैं। आगे हम कहते हैं कि हम किस पर खड़े हैं, हर व्यक्ति को क्या प्रत्याभूत करते हैं और अपने लिए कौन-सी सीमाएँ रखी हैं।

भाग I. आधार

यह भाग Earthlings जन का अपरिवर्तनीय मूल बनाता है। जो सिद्धांत वह स्थापित करता है, उन्हें न निरस्त किया जा सकता है, न सीमित किया जा सकता है, न निलंबित किया जा सकता है, न उनका परिहार किया जा सकता है।

अनुच्छेद 1. जन की स्थापना

Earthlings जन की स्थापना इस घोषणा से होती है।

वह उन लोगों की स्वतंत्र इच्छा की अभिव्यक्ति से उत्पन्न होता है जिन्होंने साझे मूल्यों के आधार पर एक होने का निश्चय किया।

हर वह व्यक्ति जो इस घोषणा पर हस्ताक्षर करता है, Earthlings जन की स्थापना करता है और उसमें प्रवेश करता है। हस्ताक्षर करने वाला earthling कहलाता है, बहुवचन में - earthlings। जन तब तक विद्यमान है जब तक ऐसे लोग हैं जिन्होंने स्वेच्छा से उससे अपनी संबद्धता (belonging) की पुष्टि की है।

इस कार्य के लिए राज्यों या अंतरराष्ट्रीय संगठनों की ओर से अनुमोदन या मान्यता अपेक्षित नहीं है।

अनुच्छेद 2. Earthlings जन क्या है

Earthlings जन सामूहिक आत्मनिर्णय का एक स्वैच्छिक, अहिंसक और राज्यक्षेत्र-निरपेक्ष रूप है।

Earthlings जन उन लोगों का समुदाय है जिन्होंने स्वयं एक-दूसरे से संबद्ध होना चुना है और जो इस संबद्धता को परस्पर मानते हैं।

जन में प्रवेश हर व्यक्ति के लिए खुला है।

Earthlings एक जन हैं, न कि कोई सामाजिक संगठन, संघ या संगम। जन लोगों को सामूहिक संबद्धता के एक टिकाऊ रूप में एक करता है - अपने मूल्यों, अपने स्वशासन की संस्थाओं, अपने नियमों और अपनी निरंतरता के साथ।

Earthlings नाम हमारी एकता का आधार व्यक्त करता है: हम सब एक ही ग्रह पर जन्मे हैं। Earthlings जन को पृथ्वी से साझा जुड़ाव और एक जन होने का स्वैच्छिक चयन थामे रखते हैं।

Earthlings जन में लोकतंत्र तीन शर्तों पर आधारित है, और उनमें से किसी के स्थान पर दूसरी नहीं रखी जाती।

पहली। हर मत के पीछे एक जीवित व्यक्ति होता है, और यह सत्यापनीय है। एक ही व्यक्ति के पास दो बार मत देने या कई पहचानें बनाने की संभावना नहीं रहनी चाहिए।

दूसरी। मत सत्यापित व्यक्ति से अभिन्न है: उसे संचित करना या अप्रतिसंहरणीय रूप से अंतरित करना समाज की बनावट से ही असंभव है।

तीसरी। कोई भी earthling स्वयं जाँच सकता है कि उसका मत गिना गया है, और साथ ही मतदान के परिणाम तथा लिए गए निर्णय भी जाँच सकता है।

अनुच्छेद 3. जन के मूल्य

जीवन। Earthlings जन में जीवन और व्यक्ति की देखभाल सर्वोच्च मूल्य है। कोई उद्देश्य, बहुमत का कोई निर्णय, कोई आपात स्थिति और कोई अन्य परिस्थिति मानव जीवन की उपेक्षा को न्यायसंगत नहीं ठहराती। यह देखभाल जीवन के सभी रूपों तक फैली है। जीवन के आरंभ, अंत और सीमाओं के बारे में Earthlings जन कोई विश्वास नियत नहीं करता और उन्हें किसी के लिए तय नहीं करता।

स्वतंत्रता। Earthlings जन की समझ में स्वतंत्रता एक व्यक्ति या लोगों के समूह का दूसरों पर प्रभुत्व और वर्चस्व न होना है: कोई भी किसी दूसरे व्यक्ति पर सत्ता नहीं रख सकता - न धन से, न योग्यता से, न पद से।

गरिमा। हर व्यक्ति जन्म से गरिमा में समान है। व्यक्ति की गरिमा अनुल्लंघनीय है। किसी को भी साधन के रूप में इस्तेमाल नहीं किया जा सकता: न उसके साथ हेरफेर के लिए, न उसके शोषण के लिए, न उसके अपमान के लिए।

ग्रह-स्तरीय एकजुटता। जो सबको प्रभावित करता है, वह सबकी भागीदारी से तय किया जाता है। व्यक्ति एक साथ अपने देश से, अपने समुदायों से और समूची मानवता से संबद्ध है। संबद्धता के ये रूप एक-दूसरे के पूरक हैं और आपस में टकराते नहीं।

ग्रह-स्तरीय हित। वायुमंडल, विश्व महासागर, जलवायु और जीवन के अस्तित्व की अन्य दशाएँ अलग से किसी की नहीं हैं। वे आज जीवित सभी लोगों का और हमारे बाद आने वालों का साझा मूल्य हैं।

ग्रह की देखभाल। पर्यावरण, जैव विविधता और पारिस्थितिक तंत्रों के टिकाऊपन का संरक्षण आने वाली पीढ़ियों के प्रति वर्तमान पीढ़ी का कर्तव्य है। कोई भी मानव गतिविधि जीवन के अस्तित्व की दशाओं के विनाश को न्यायसंगत नहीं ठहराती।

पारदर्शिता। पारदर्शी संस्थाएँ होती हैं, व्यक्ति नहीं। जाँच की कोई भी प्रक्रिया यह प्रकट करने की माँग नहीं कर सकती कि व्यक्ति ने कैसे मत दिया, वह किसमें विश्वास करता है या कौन-से विचार रखता है।

कुछ लोगों की दूसरों पर सत्ता होती ही नहीं। Earthlings जन में कोई भी ऐसी स्थिति में नहीं है जहाँ से वह किसी अन्य व्यक्ति पर सत्ता चला सके। Earthlings जन में शक्तियाँ सदा सीमित, बँटी हुई, प्रतिसंहरणीय और सत्यापनीय हैं। किन्हीं कार्यों को करने का कार्यभार पद नहीं बनता। कोई भी स्थिति किसी व्यक्ति, संस्था या समूह को जन की सामूहिक इच्छा से ऊपर नहीं रखती।

प्रौद्योगिकी। हर प्रौद्योगिकी व्यक्ति और जीवन की सेवा करती है। किसी भी प्रौद्योगिकी का उपयोग लोगों के हेरफेर (जिसमें छिपा हुआ हेरफेर भी शामिल है), उनकी स्वतंत्रता को सीमित करने, जाति जैसे या पदानुक्रम जैसे भेद बनाने, डिजिटल अधीनता स्थापित करने या मानव स्वायत्तता के दमन के लिए नहीं किया जा सकता। कोई भी एल्गोरिद्म, कोड या कृत्रिम बुद्धि की प्रणाली व्यक्ति के अधिकारों, गरिमा या स्थिति को प्रभावित करने वाले निर्णय का अंतिम स्रोत नहीं हो सकती। हर व्यक्ति को अपने डाटा की एकांतता के संरक्षण का अधिकार है। इन अधिकारों को सुनिश्चित करने वाली अवसंरचना संबंधी अपेक्षाएँ अनुच्छेद 10 में उपबंधित हैं।

अनुच्छेद 4. व्यक्ति को प्रत्याभूतियाँ

अपरिवर्तनीय मूल व्यक्ति को स्वयं Earthlings जन की सत्ता से बचाने के लिए है। न बहुमत को, न सभा को, न जन की किसी संस्था को उसके द्वारा नियत सीमाओं से बाहर जाने का अधिकार है।

यहाँ जो गिनाया गया है, वह इस घोषणा पर हस्ताक्षर के क्षण से हर earthling पर लागू होता है। ये प्रत्याभूतियाँ न निरस्त की जा सकती हैं, न सीमित की जा सकती हैं, न किसी शर्त पर निर्भर बनाई जा सकती हैं।

संबद्ध होने का अधिकार। Earthlings जन से संबद्धता अविच्छिन्न है। किसी को भी किन्हीं कारणों से निष्कासित नहीं किया जा सकता। व्यक्ति केवल दो मामलों में जन का अंग नहीं रह जाता:

  • अपने ही निर्णय से - किसी भी क्षण, कारण बताए बिना और किसी की सहमति के बिना
  • अपनी मृत्यु के परिणामस्वरूप।

इन आधारों की सूची बंद है: न Earthlings चार्टर, न कोई निर्णय उसका विस्तृत निर्वचन कर सकता है।

समान मत। हर earthling का मत हर दूसरे मत के बराबर है। उसका भार भागीदारी की अवधि, संपत्ति की स्थिति, ख्याति, योग्यता, निभाए जा रहे कार्यभार या किसी भी अन्य परिस्थिति पर निर्भर नहीं करता। मत को न खरीदा जाएगा, न बेचा जाएगा, न संचित किया जाएगा, न अप्रतिसंहरणीय रूप से अंतरित किया जाएगा। मत देने के अधिकार को विचारों के लिए, मतदान की अंतर्वस्तु के लिए, बहुमत से असहमति के लिए या Earthlings जन की आलोचना के लिए न सीमित किया जा सकता है, न निलंबित किया जा सकता है।

भाग लेने का अधिकार। हर earthling को जन के जीवन से संबंधित किसी भी प्रश्न पर चर्चा और निर्णय लेने में भाग लेने, प्रस्ताव देने और प्रश्न उठाने का अधिकार है। इसके लिए किसी का पूर्व अनुमोदन अपेक्षित नहीं है।

सुने जाने का अधिकार। Earthlings जन किसी विशिष्ट व्यक्ति के अधिकारों को केवल दो मामलों में सीमित करता है: जब पासपोर्ट जारी किया जाना रद्द किया जाता है और जब मतदान में भागीदारी अस्थायी रूप से सीमित की जाती है। इसके आधार अनुच्छेद 8 में उपबंधित हैं, उनकी सूची बंद है, और अन्य कोई आधार नहीं है। किंतु किसी विशिष्ट व्यक्ति के बारे में उसके लिए प्रतिकूल हर निर्णय, जिसमें पहचान सत्यापन से मना किया जाना और कार्यभार का प्रतिसंहरण भी सम्मिलित हैं, केवल इसी रीति से लिया जाता है: व्यक्ति को प्रत्याभूत है कि वह आधारों को समय पर जाने, आपत्तियाँ प्रस्तुत करे, उन पर विचार का उत्तर पाए और चार्टर द्वारा नियत प्रक्रिया में निर्णय के विरुद्ध अपील करे।

जन से स्वतंत्र रूप से बाहर जाने का अधिकार। हर व्यक्ति को किसी भी क्षण Earthlings जन से अपनी संबद्धता समाप्त करने का अधिकार है। बाहर जाने के लिए कारण बताना, अनुमति या किसी की सहमति अपेक्षित नहीं है। उसमें बाधा डालने का अधिकार किसी को नहीं है।

अनुच्छेद 5. हमारी बाध्यताएँ

Earthlings जन अपनी सीमाएँ इसी अनुच्छेद से नियत करता है। वे हर परिस्थिति में प्रवर्तमान रहती हैं, और न वे निरस्त की जा सकती हैं, न सीमित की जा सकती हैं, न निलंबित की जा सकती हैं, न उनका परिहार किया जा सकता है; जिस शब्द-विन्यास में वे कही गई हैं, वह केवल अनुच्छेद 11 की रीति से और उसी अनुच्छेद की शर्तों पर बदल सकता है।

हिंसा का त्याग। Earthlings जन अपने उद्देश्यों को प्राप्त करने के साधन के रूप में हिंसा के प्रयोग का त्याग करता है। वह सशस्त्र, अर्ध-सैनिक, सुरक्षा-संबंधी या हिंसा का प्रयोग करने में समर्थ किसी भी अन्य संरचना को न बनाता है, न स्थापित करता है, न उसे धन देता है, न उसका समर्थन करता है - न सीधे, न तीसरे व्यक्तियों के माध्यम से।

प्रपीड़न के स्थान पर शब्द। Earthlings जन कहता है, संबोधित करता है और आपत्ति करता है - और कभी प्रपीड़न नहीं करता। प्रपीड़न वह हर प्रभाव है जो व्यक्ति से निर्णय की स्वतंत्रता छीन लेता है: बल का प्रयोग, उसके प्रयोग की धमकी, रिश्वत, ब्लैकमेल, जीविका के साधनों के माध्यम से दबाव और खुले या छिपे प्रपीड़न के अन्य रूप। राज्य के अंगों, सार्वजनिक संस्थाओं और अंतरराष्ट्रीय संगठनों को जन का संबोधन तथा प्रवर्तमान नियम को बदलने का प्रस्ताव प्रपीड़न नहीं हैं।

राज्यों के आंतरिक मामलों में अहस्तक्षेप। Earthlings जन राज्य-सत्ता के लिए होने वाले संघर्ष में भाग नहीं लेता। वह राजनीतिक दलों, उम्मीदवारों या निर्वाचन अभियानों का समर्थन नहीं करता, उन्हें धन नहीं देता, किसी निश्चित रीति से मत देने का आह्वान नहीं करता और किसी राज्य की संवैधानिक व्यवस्था को हिंसा से बदलने का आह्वान नहीं करता। Earthlings जन किसी एक राज्य के आंतरिक जीवन के बारे में निर्णय नहीं लेता: यह उसके नागरिकों का काम है। Earthlings जन के सभी संबोधन खुले तौर पर, सार्वजनिक रूप से और अपने ही नाम से किए जाते हैं।

शक्तियों की सीमाएँ। Earthlings जन केवल वे शक्तियाँ अपने ऊपर लेता है जो उसके अस्तित्व के लिए आवश्यक हैं। जन के निर्णय केवल earthlings पर लागू होते हैं।

जन के बाहर व्यक्ति की स्वतंत्रता। earthling जन के बाहर अपने अधिकारों का जिस तरह प्रयोग करता है, वह उसका अपना मामला है। Earthlings जन न उसका मूल्यांकन करता है, न उससे कोई परिणाम जोड़ता है: न व्यक्ति के लिए, न अपने लिए।

राज्य की विधि का आदर। Earthlings जन को यह अधिकार नहीं है कि वह किसी एक earthling से उसकी नागरिकता या निवास के राज्य की विधि के बाध्यकारी नियमों का उल्लंघन करने की माँग करे। यदि जन का निर्णय ऐसी विधि से टकराता है, तो earthling अपने राज्य की विधि का अनुसरण करता है और इसके लिए Earthlings जन के प्रति उसका कोई दायित्व नहीं होता।

भावी पीढ़ियों के प्रति दायित्व। Earthlings जन का कोई भी निर्णय नकारात्मक परिणामों को भावी पीढ़ियों पर नहीं डालेगा।

अनुच्छेद 6. Earthlings जन का प्रयोजन

Earthlings जन का प्रयोजन - Earthlings जन की सामूहिक इच्छा के निर्माण, जाँच और अभिव्यक्ति को संभव बनाना है।

Earthlings जन राज्यों के लिए निर्णय नहीं लेता, लोक प्राधिकार का प्रयोग नहीं करता और उसकी आकांक्षा नहीं रखता। वह अपने earthlings की सत्यापनीय सामूहिक स्थिति बनाता है और उसे राज्यों, अंतरराष्ट्रीय संगठनों, सार्वजनिक संस्थाओं और विश्व समुदाय तक पहुँचाता है।

Earthlings जन इस प्रतीक्षा में नहीं रहता कि उसे मान्यता मिले, और अस्तित्व के लिए अनुमति नहीं माँगता। वह राज्यों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों को संबोधित करता है, और ऐसी प्रक्रियाएँ प्रस्तावित करता है जिनसे लोग सीधे अपनी बात कह सकें। यह काम वह लगातार और खुले तौर पर करता है, earthlings के प्रति जवाबदेह रहते हुए।

अनुच्छेद 7. विधिक आधार

  1. संगम या संघ बनाने की स्वतंत्रता हर व्यक्ति का प्रवर्तमान अधिकार है। वह मानव अधिकारों की सार्वभौम घोषणा के अनुच्छेद 20 और नागरिक तथा राजनीतिक अधिकारों की अंतरराष्ट्रीय प्रसंविदा के अनुच्छेद 22 द्वारा प्रतिष्ठित है, और उसे न नागरिकता पर, न राज्यक्षेत्र पर, न किसी की अनुमति पर निर्भर बनाया गया है। Earthlings जन इसी अधिकार की सीमा में एक होता है और साझे निर्णय लेता है।
  1. आत्मनिर्णय का अधिकार जनों को सामूहिक धारकों के रूप में प्राप्त है: संयुक्त राष्ट्र चार्टर, अनुच्छेद 1, खंड 2, और अधिकारों की 1966 की प्रसंविदाओं का साझा अनुच्छेद 1।

Earthlings जन इन दो अधिकारों के प्रयोग को एक ही रचना में जोड़ता है: स्वतंत्र रूप से एक होकर लोग स्वयं को एक जन के रूप में स्थापित करते हैं - और जन के रूप में ही वे आत्मनिर्णय के उस अधिकार का प्रयोग करते हैं जो जनों को प्राप्त है।

Earthlings जन की गतिविधि की वैधता संगम या संघ बनाने की स्वतंत्रता पर आधारित है और इसलिए इस पर निर्भर नहीं करती कि अंतरराष्ट्रीय संस्थाएँ उसे जन मानने का प्रश्न कैसे हल करेंगी।

Earthlings को जन साझा वंश, राज्यक्षेत्र या विद्यमान नागरिकता नहीं बनाते, बल्कि एक टिकाऊ समुदाय बनाता है: साझी पहचान, संबद्धता, मूल्य, सत्यापनीय सामूहिक इच्छा और स्वशासन की अपनी संस्थाएँ। साझी पहचान इस घोषणा से प्रतिष्ठित है। सामूहिक इच्छा स्वैच्छिक सम्मिलन और हर एक की समान भागीदारी से व्यक्त होती है। स्वशासन की संस्थाएँ इस घोषणा से स्थापित होती हैं और उसी प्रक्रिया में काम करती हैं जो वह नियत करती है।

Earthlings जन ऐसी प्रक्रिया प्रस्तावित करता है जो लोगों को पहले से मान्य अधिकारों का मिलकर प्रयोग करने देती है, वहाँ जहाँ पहले की प्रक्रियाएँ पर्याप्त नहीं रह गईं।

Earthlings जन का अस्तित्व उससे संबद्ध लोगों की इच्छा से तय होता है। वह राज्यों की मान्यता से नहीं बनता और ऐसी मान्यता के अभाव के कारण समाप्त नहीं होता। यह घोषणा और Earthlings जन की संस्थाएँ इस प्रकार बनाई गई हैं कि जन के लक्षण किसी भी क्षण जाँचे जा सकें।

राज्यों के प्रति संबंध। Earthlings जन आत्मनिर्णय के अधिकार का प्रयोग राज्यक्षेत्र के पृथक्करण, राज्यों की सीमाओं के परिवर्तन या किसी राज्य की प्रभुता के परिसीमन के माध्यम से नहीं करता।

Earthlings जन कोई राज्यक्षेत्रीय दावा नहीं करता।

भाग II. संरचना

यह भाग स्थापित करता है कि भाग I में जो उद्घोषित है, वह किस रीति से काम करता है। उसका परिवर्तन अनुच्छेद 11 में उपबंधित प्रक्रिया में होता है, और वह किसी भी परिस्थिति में भाग I द्वारा नियत प्रत्याभूतियों के स्तर को कम नहीं करता।

इस घोषणा में जो नियत है, उसे कार्यान्वित करने की प्रक्रिया चार्टर तय करता है। चार्टर विस्तार देता है, किंतु घोषणा की किसी भी अपेक्षा को न निरस्त करता है, न सीमित करता है और न उसे किन्हीं शर्तों पर निर्भर बनाता है।

अनुच्छेद 8. जन से संबद्धता

संबद्धता कैसे उत्पन्न होती है। Earthlings जन से संबद्धता स्वैच्छिक है: वह स्वयं व्यक्ति के निर्णय से, इसी अनुच्छेद में नामित शर्तों पर उत्पन्न होती है, और केवल अनुच्छेद 4 में उपबंधित आधारों पर समाप्त होती है।

संबद्धता उस आयु से पहले उत्पन्न नहीं होती जो चार्टर नियत करता है। यह आयु 16 वर्ष से कम नहीं हो सकती, और उसे घटाने का अधिकार किसी को नहीं है।

इस घोषणा पर हस्ताक्षर करने का अधिकार हर उस व्यक्ति को है जो इस आयु का हो चुका है, यहाँ कही गई बातों से सहमत है और जिसके बारे में यह सत्यापित है कि वह एक जीवित व्यक्ति है।

संबद्धता की कोई अन्य शर्त न रखी जाती है और न रखी जा सकती है। संबद्धता वंश, नागरिकता, राष्ट्रीयता, भाषा, निवास-स्थान, लिंग, स्वास्थ्य की दशा, शिक्षा, व्यवसाय, संपत्ति की स्थिति, धर्म, राजनीतिक विचार और किसी भी अन्य व्यक्तिगत परिस्थिति पर निर्भर नहीं करती।

जन में प्रवेश देने का कोई निर्णय नहीं होता: जन आवेदनों पर विचार नहीं करता, व्यक्ति का मूल्यांकन नहीं करता और किसी को मना नहीं करता। पहचान सत्यापन से मना किया जाना प्रवेश से मना किया जाना नहीं है: उसका अर्थ केवल इतना है कि व्यक्ति के बारे में इस अनुच्छेद की शर्त सत्यापित नहीं हुई, और ऐसा मना किया जाना अनुच्छेद 4 की प्रत्याभूतियों के साथ होता है।

फीस। प्रवेश के समय एक फीस दी जाती है, जो पहचान सत्यापन, पासपोर्ट जारी करने और अवसंरचना के रखरखाव की लागत पूरी करती है। फीस संबद्धता की शर्त नहीं है: वह संबद्धता नहीं खरीदती और कोई भी लाभ उत्पन्न नहीं करती। फीस स्वयं वहन कर पाने की असमर्थता जन में प्रवेश बंद नहीं करती: व्यक्ति के लिए फीस कोई अन्य व्यक्ति दे सकता है या वह साझे कोष से दी जा सकती है।

दुर्लंघ्य अपेक्षाएँ नहीं होतीं। प्रवेश या भागीदारी की कोई भी अपेक्षा ऐसी नहीं हो सकती जिसे व्यक्ति अपने वश से बाहर की परिस्थितियों के कारण पूरा न कर सके। दस्तावेज़ों का न होना, संचार की अनुपलब्धता, स्वास्थ्य की दशा, निवास-स्थान की दूरी और इसी प्रकार की अन्य परिस्थितियाँ व्यक्ति के लिए न जन में प्रवेश बंद करती हैं, न उसके निर्णयों में भागीदारी। अपेक्षा पूरी कर पाने की असमर्थता व्यक्ति का दोष नहीं मानी जाती और पहचान सत्यापन से मना करने का आधार नहीं बनती।

जन क्या नहीं माँगता। Earthlings जन earthling से न सेवा माँगता है, न बहुमत के निर्णयों से सहमति। वह दो बातों की अपेक्षा करता है: कि हस्ताक्षर के पीछे एक जीवित व्यक्ति हो, और कि जिस स्वतंत्रता की माँग earthling अपने लिए करता है, उसे वह हर दूसरे व्यक्ति के लिए भी माने।

संबद्धता जोड़ती है, स्थान नहीं लेती। Earthlings जन से संबद्धता उसमें जुड़ती है जो व्यक्ति के पास पहले से है। वह किसी भी अन्य संबद्धता को छोड़ने की माँग नहीं करती और अपने राज्य के प्रति व्यक्ति के अधिकारों तथा कर्तव्यों को प्रभावित नहीं करती।

earthlings की समता। जिस क्षण से व्यक्ति ने घोषणा पर हस्ताक्षर किए, वह हर दूसरे earthling के बराबर है। न हस्ताक्षर की तिथि, न जन की स्थापना में भागीदारी, न भागीदारी की अवधि, न स्वैच्छिक दान की राशि, न निभाए जा रहे कार्यभार कोई लाभ, विशेषाधिकार या विशेष स्थिति उत्पन्न करते हैं। जन में न किसी भाषा को, न किसी क्षेत्र को, न किसी संस्कृति को कोई वरीयता प्राप्त है। इस घोषणा के पाठों के बीच अंतर के निर्वचन की रीति अनुच्छेद 11 में उपबंधित है। इस रीति में रूसी पाठ का अर्थ केवल तभी लागू होता है जब पाठों की तुलना से अंतर हल न हो, और वह किसी भी भाषा के बोलने वालों के लिए कोई अन्य वरीयता उत्पन्न नहीं करता।

Earthlings जन में संस्थापकों का कोई वर्ग नहीं है।

निजी जीवन। Earthlings जन व्यक्ति के निजी जीवन में हस्तक्षेप नहीं करता। आस्था, विश्व-दृष्टि, राजनीतिक विचार, अन्य समुदायों में भागीदारी और जीवन-शैली जन से संबद्धता की शर्त नहीं हैं।

पासपोर्ट जारी किए जाने का रद्दीकरण। पासपोर्ट जारी किया जाना तीन मामलों में रद्द किया जाता है, और उनकी सूची बंद है। इनमें से किसी में भी रद्दीकरण व्यक्ति की जन से संबद्धता समाप्त नहीं करता:

  1. एक ही व्यक्ति को एक से अधिक प्रवर्तमान पासपोर्ट जारी किए गए हों - ऐसी दशा में सबसे पहले जारी किए गए को छोड़कर शेष सबका जारी किया जाना रद्द किया जाता है;
  2. पहचान सत्यापन कूटरचित जानकारी या किसी दूसरे की पहचान के उपयोग से प्राप्त किया गया हो;
  3. पासपोर्ट ऐसे व्यक्ति को जारी किया गया हो जिसने चार्टर द्वारा नियत आयु प्राप्त न की हो।

रद्दीकरण जन से निष्कासन नहीं है: उसका अर्थ केवल इतना है कि पासपोर्ट जारी किया जाना विधिपूर्वक हुआ ही नहीं। यदि पासपोर्ट ऐसे व्यक्ति को जारी किया गया हो जिसने वह आयु प्राप्त न की हो, तो संबद्धता अभी उत्पन्न ही नहीं हुई है, और रद्दीकरण से समाप्त होने को कुछ है ही नहीं। यदि बाधा दूर की जा सकती हो, तो व्यक्ति को फिर से सत्यापन कराने का अधिकार है।

मतदान में भागीदारी का अस्थायी परिसीमन। मतदान में भागीदारी केवल स्वयं मतदान के तंत्र के विरुद्ध - «एक व्यक्ति - एक मत» के सिद्धांत के विरुद्ध - सिद्ध हो चुके जानबूझकर किए गए कार्यों के लिए अस्थायी रूप से सीमित की जाती है। अन्य कोई आधार न है और न हो सकता है।

अनुच्छेद 9. स्वशासन

जन का संचालन earthlings का है, संस्थाओं का नहीं। संस्थाएँ और कार्यभार केवल इसलिए हैं कि earthlings के निर्णयों का पालन हो।

निर्णय earthlings सीधे लेते हैं। सभी earthlings का सम्मेलन - सभा - जन के निर्णयों का एकमात्र स्रोत है। सभा के ऊपर खड़ी या उसके स्थान पर निर्णय लेने वाली कोई संस्था न है और न बनाई जा सकती है।

निर्णयों की सीमाएँ। सभा जन के जीवन के प्रश्नों पर, भाग I द्वारा नियत प्रयोजन और बाध्यताओं की सीमा में निर्णय लेती है। भाग I के सिद्धांतों का निरसन, परिसीमन और निलंबन मतदान का विषय नहीं हैं और मतदान के लिए प्रस्तुत ही नहीं किए जाते। भाग I का शब्द-विन्यास बदलना या भाग I में नया सिद्धांत जोड़ना केवल अनुच्छेद 11 की रीति से और उसी अनुच्छेद की शर्तों पर संभव है।

प्रस्तावों पर विचार की प्रक्रिया। प्रस्तावों पर सबके लिए एक समान विचार किया जाता है, और यह इस पर निर्भर नहीं करता कि प्रस्ताव किसका है, वह कौन-सा कार्यभार निभाता है और कब से भाग ले रहा है।

खुलापन। चर्चा, प्रस्ताव, लिए गए निर्णय, मतों की गणना और कार्यभार पर किए गए कार्य जाँच के लिए खुले हैं। व्यक्तिगत मत गुप्त है: मतदान इस प्रकार बनाया गया है कि कोई भी - अवसंरचना का प्रचालन करने वाले भी - न यह जान सके कि किसी विशिष्ट व्यक्ति ने कैसे मत दिया, न उस व्यक्ति की सहमति से भी इस बारे में आश्वस्त हो सके। प्रत्यायोजिती द्वारा डाले गए वे मत, जो उसे सौंपे गए हैं, खुले हैं। मत की गोपनीयता गणना की सत्यापनीयता को समाप्त नहीं करती।

प्रतिनिधित्व के स्थान पर प्रत्यायोजन। Earthlings जन में प्रतिनिधित्व का कोई स्थान नहीं है। earthling को यह अधिकार है कि वह किसी एक प्रश्न या क्षेत्र पर अपना मत डालने का काम दूसरे earthling को सौंप दे। जिसे मत सौंपा गया है, वह उसे अपने विवेक से डालता है; यह सौंपना कोई अन्य अधिकार उत्पन्न नहीं करता। चार्टर द्वारा नियत सीमाओं के भीतर प्रत्यायोजिती का उसे सौंपे गए मत डालना मत का संचय नहीं है: सौंपा गया मत अब भी सौंपने वाले का है और प्रतिसंहरण से उसके पास लौट आता है।

सौंपना केवल सौंपने वाले की इच्छा से होता है और उसके द्वारा किसी भी क्षण, कारण बताए बिना और जिसे सौंपा गया उसकी सहमति के बिना प्रतिसंहृत किया जाता है। सौंपना किसी अवधि के लिए नहीं होता और न कोई पद बनाता है, न कोई निकाय। जिन्हें मत सौंपा जाता है, उन्हें मतदान से नहीं चुना जाता: हर कोई स्वयं तय करता है कि अपना मत किसे सौंपे।

पद के स्थान पर कार्यभार। बाहरी दुनिया के साथ काम-काज चलाने के संगठनात्मक और तकनीकी कार्य केवल जन के कार्यभार पर किए जाते हैं। कार्यभार पद नहीं है। वह व्यक्ति को दूसरे earthlings से ऊपर नहीं रखता और उसे सभा के निर्णयों से बाहर नहीं करता। जो कार्यभार पर काम करता है, वह जन को हिसाब देता है: क्या किया गया, क्या नहीं किया गया और क्यों। यह हिसाब सार्वजनिक होता है।

जन के विधिक अंतरापृष्ठ (legal interfaces)। Earthlings जन कोई निगमित निकाय नहीं है। राज्यों, वित्तीय संस्थानों और अन्य संगठनों के साथ व्यवहार के लिए निगमित निकाय स्थापित किए जा सकते हैं; उनका प्रयोजन विशुद्ध रूप से साधन-मात्र है।

ऐसे निगमित निकाय जन के धारक नहीं हैं, उसका अस्तित्व तय नहीं करते, उस पर कोई सत्ता नहीं रखते और उसकी वैधता के स्रोत नहीं हैं। उन्हें जन के लिए बिना किसी परिणाम के स्थापित किया, बदला और समाप्त किया जा सकता है। earthlings का रजिस्टर, उनकी पहचान का सत्यापन और उससे जुड़ा डाटा किसी निगमित निकाय की संपत्ति नहीं हैं, उन्हें न अंतरित किया जा सकता है, न बेचा जा सकता है, न बंधक रखा जा सकता है, न किसी अन्य रीति से व्ययनित किया जा सकता है। इन्हीं अंतरापृष्ठों के माध्यम से Earthlings जन राज्य के अंगों की विधिपूर्ण माँगों का उत्तर देता है।

स्वशासन के नियमों का परिवर्तन। चर्चा और निर्णय लेने की प्रक्रिया, भागीदारी की अपेक्षाएँ, समय-सीमाएँ और स्वशासन के संगठन के अन्य नियम चार्टर नियत करता है। इन नियमों को साधारण बहुमत से नहीं बदला जा सकता। चार्टर के परिवर्तन की न्यूनतम सीमा स्वयं चार्टर नियत करता है; इस सीमा को न स्वयं चार्टर की रीति से लिए गए निर्णय से नीचे लाया जा सकता है, न किसी अन्य मार्ग से, जिसमें हिस्से, गणपूर्ति या उस आधार का परिवर्तन भी शामिल है जिसके आधार पर इन दोनों की गणना की जाती है।

अनुच्छेद 10. जन की अवसंरचना

Earthlings जन में प्रौद्योगिकियाँ केवल साधन हैं। वे जन को नहीं बनातीं, उसकी शक्तियों का स्रोत नहीं हैं और मनुष्य के निर्णय का स्थान नहीं लेतीं। उनका प्रयोजन - जन की सामूहिक इच्छा के निर्माण, जाँच और अभिव्यक्ति को विश्वसनीय, सत्यापनीय तथा कूटरचना के प्रति प्रतिरोधी बनाना है।

तकनीकी साधन केवल वहाँ लगाए जाते हैं जहाँ उनके बिना अनुच्छेद 2 में नामित तीन शर्तें पूरी करना असंभव है।

संबद्धता की अद्वितीयता। एक जीवित व्यक्ति के लिए जन से एक और केवल एक संबद्धता होती है, और यह उसकी पहचान प्रकट किए बिना पुष्ट किया जाता है।

भाग लेने के अधिकार की अविच्छिन्नता। भाग लेने का अधिकार स्वयं व्यक्ति का है और उसे न खरीदा जा सकता है, न बेचा जा सकता है, न हड़पा जा सकता है, न अप्रतिसंहरणीय रूप से अंतरित किया जा सकता है।

निर्णयों की सत्यापनीयता। मतदानों के परिणामों के बारे में हर कोई आश्वस्त हो सकता है, चाहे वह Earthlings जन से संबद्ध हो या न हो। विश्वसनीयता की पुष्टि खुले डाटा से होती है, प्रशासक पर भरोसे से नहीं। जाँच इस प्रकार सुनिश्चित की जाती है कि वह न earthlings के बारे में जानकारी प्रकट करे, न यह कि किसी विशिष्ट व्यक्ति ने मतदान में भाग लिया या नहीं, न उसके मत की अंतर्वस्तु; केवल प्रत्यायोजिती द्वारा डाले गए वे मत खुले हैं, जो उसे सौंपे गए हैं (अनुच्छेद 9)।

जन की स्वतंत्रता। Earthlings जन का अस्तित्व किसी भी विशिष्ट प्लेटफ़ॉर्म, संगठन, प्रौद्योगिकी-प्रदाता या संचालक पर निर्भर नहीं करता।

खुलापन। जन से संबद्धता और पासपोर्ट की अविच्छिन्नता तय करने वाला कोड अध्ययन, जाँच और पुनरुत्पादन के लिए खुला है। earthlings का रजिस्टर और पासपोर्टों के अभिलेख सार्वजनिक हैं और किसी भी व्यक्ति द्वारा सत्यापनीय हैं। सार्वजनिक वह अभिलेख है कि पासपोर्ट विद्यमान और प्रवर्तमान है, न कि व्यक्ति के बारे में जानकारी: रजिस्टर में earthling का नाम, चित्र, दस्तावेज़, बायोमेट्रिक और अन्य वैयक्तिक डाटा नहीं होता, और वह अभिलेख को पहचान से जोड़ने नहीं देता।

प्रौद्योगिकी की सीमाएँ। Earthlings जन की अवसंरचना को यह अधिकार नहीं है कि वह:

  1. पहचान सत्यापन की आड़ में व्यक्ति की निगरानी करे;
  2. यह जान सकने या इस बारे में आश्वस्त हो सकने की संभावना बनाए रखे कि किसी विशिष्ट व्यक्ति ने कैसे मत दिया, प्रत्यायोजिती द्वारा डाले गए उन मतों को छोड़कर, जो उसे सौंपे गए हैं;
  3. earthlings के प्रोफ़ाइल बनाए और उन्हें श्रेणीबद्ध करे;
  4. छिपे तौर पर यह तय करे कि व्यक्ति कौन-सी जानकारी और किस क्रम में पाता है;
  5. सीधे बताए गए प्रयोजन के लिए आवश्यक से अधिक डाटा जुटाए;
  6. व्यक्ति की भागीदारी को उसके मूल्यांकन का साधन या उसके अपने अधिकारों तक पहुँच की शर्त बना दे।

कुंजी व्यक्ति के पास। इस घोषणा पर हस्ताक्षर, निर्णयों में भागीदारी और जन से बाहर जाना earthling की अपनी कुंजी से किए जाते हैं। न संचालक, न संगठन, न कोई तकनीकी प्रणाली ये कार्य व्यक्ति के स्थान पर कर सकती है या उन्हें किए जाने में बाधा डाल सकती है।

अनुच्छेद 11. आधारों का संरक्षण और घोषणा का परिवर्तन

यह घोषणा Earthlings जन का आधारभूत दस्तावेज़ है, और जन के भीतर इसकी शक्ति सर्वोच्च है।

क्या अपरिवर्तनीय है। Earthlings जन का अपरिवर्तनीय मूल भाग I बनाता है। अपरिवर्तनीय वे सिद्धांत हैं जो वह स्थापित करता है। उनमें मुख्य ये हैं:

  1. एक व्यक्ति - एक मत; मत को न खरीदा जाएगा, न बेचा जाएगा, न संचित किया जाएगा, न अप्रतिसंहरणीय रूप से अंतरित किया जाएगा;
  2. कुछ लोगों की दूसरों पर सत्ता होती ही नहीं: कोई भी किसी अन्य earthling से ऊपर नहीं है; शक्तियाँ सीमित, प्रतिसंहरणीय और सत्यापनीय हैं, और किन्हीं कार्यों को करने का कार्यभार पद नहीं बनता;
  3. संपत्ति मत से अलग है: न फीस, न योगदान, न धन-संपदा संचालन में कोई लाभ उत्पन्न करते हैं;
  4. बाहर जाना किसी भी क्षण और कारण बताए बिना स्वतंत्र है, जन से निष्कासन होता ही नहीं;
  5. जन कहता है, किंतु प्रपीड़न नहीं करता: हिंसा बिना किसी अपवाद के वर्जित है।

इन सिद्धांतों में से किसी को भी न निरस्त किया जा सकता है, न सीमित किया जा सकता है, न निलंबित किया जा सकता है, न उसका परिहार किया जा सकता है - न बहुमत के निर्णय से, न चार्टर से, न निर्वचन से, न तकनीकी आधार के परिवर्तन से, न किसी अन्य रीति से। वे किसी भी परिस्थिति में निलंबित नहीं किए जाते: न संकट में, न आपात स्थिति में, न बाहरी दबाव में, न तकनीकी हमले में।

जिस शब्द-विन्यास में ये सिद्धांत कहे गए हैं, वह बदल सकता है। शब्द-विन्यास का परिवर्तन केवल तभी अनुज्ञेय है जब दो शर्तें एक साथ पूरी हों: वह किसी भी सिद्धांत को न निरस्त करता हो और न संकुचित करता हो, और व्यक्ति की किसी भी प्रत्याभूति के स्तर को कम न करता हो। यदि इसमें संदेह हो कि परिवर्तन प्रत्याभूति के स्तर को कम करता है या नहीं, तो उसे कम करने वाला माना जाता है और अंगीकृत नहीं किया जाता।

मूल में नया सिद्धांत जोड़ा जा सकता है। विद्यमान सिद्धांत को कमज़ोर करना या निकाल देना - नहीं। भाग I के शब्द-विन्यास का परिवर्तन और भाग I में नए सिद्धांत का जोड़ा जाना उसी प्रक्रिया में अंगीकृत किए जाते हैं जो नीचे भाग II के परिवर्तन के लिए उपबंधित है, और केवल तभी, जब ऊपर नामित शर्तें पूरी हों।

मूल का परिहार करने का कोई भी प्रयास, जिसमें किसी अन्य प्रक्रिया, अन्य शब्दावली या अन्य विधिक तंत्र से परिहार भी शामिल है, उसका उल्लंघन है, चाहे परिहार का रूप कुछ भी हो। उसके सिद्धांतों को हटाने, सीमित करने, बदल देने या नए सिरे से परिभाषित करने का प्रयास किसी अन्य संरचना का निर्माण है, जो Earthlings जन नहीं है - चाहे उसका नाम, उसके earthlings की संरचना, सॉफ़्टवेयर या प्रयोग में लाई गई अवसंरचना कुछ भी हो।

भाग I के विरुद्ध लिया गया निर्णय लिए जाने के क्षण से शून्य है। उसे न समय का बीतना विधिमान्य बनाता है, न निर्णय का पालन, न आपत्तियों का अभाव। किसी भी संदेह में भाग I के उपबंधों का निर्वचन व्यक्ति के पक्ष में और Earthlings जन की किसी भी संस्था, कार्यभार या प्रक्रिया की शक्तियों के विस्तार के विरुद्ध किया जाता है।

क्या परिवर्तनीय है। इस घोषणा का भाग II सभा के ऐसे निर्णय से बदला जा सकता है, उसमें जोड़ा जा सकता है या उसे घटाया जा सकता है, जो डाले गए मतों के कम से कम दो-तिहाई से लिया गया हो, ऐसी गणपूर्ति पर जो चार्टर नियत करता है और जो डाले गए मतों की संख्या और सत्यापित लोगों की संख्या के उस अनुपात से, जो अनुच्छेद 12 में दर्ज है, कम नहीं हो सकती।

परिवर्तन इस घोषणा द्वारा नियत व्यक्ति की किसी भी प्रत्याभूति के स्तर को कम नहीं कर सकता। इन शर्तों का उल्लंघन करके अंगीकृत परिवर्तन लिए जाने के क्षण से शून्य है।

इस घोषणा का हर संस्करण इस प्रकार प्रकाशित किया जाता है कि पहले के संस्करण और उनके बीच के सभी अंतर किसी भी व्यक्ति के लिए सुलभ बने रहें। पिछले पाठ को रखे बिना पाठ को बदल देना घोषणा का परिवर्तन नहीं है।

रूपांतरण की सीमाएँ। Earthlings जन को डिजिटल राज्य, माइक्रोनेशन, राजनीतिक दल, गैर-लाभकारी संगठन, वाणिज्यिक निगम, धार्मिक संगठन या अर्ध-सैनिक संरचना में रूपांतरित नहीं किया जा सकता। ऐसे रूपांतरण की दिशा में लिया गया निर्णय लिए जाने के क्षण से शून्य है। अनुच्छेद 9 की रीति से निगमित निकायों की स्थापना रूपांतरण नहीं है: ऐसे निकाय न जन के धारक बनते हैं, न उसका स्थान लेते हैं।

घोषणा का संरक्षण। इस घोषणा का संरक्षण उसकी सत्यापनीयता से सुनिश्चित होता है। घोषणा का पाठ ऐसे रूप में प्रकाशित किया जाता है जो हर किसी को उसके असली होने के बारे में आश्वस्त होने और उसमें किए गए हर परिवर्तन का पता लगाने देता है।

जन की विधिपूर्ण निरंतरता। यदि संचालन पर कब्ज़े, किसी अवसंरचना के बंद हो जाने या अन्य परिस्थितियों के कारण इस घोषणा का कार्यान्वयन असंभव हो जाए, तो सत्यापित earthlings Earthlings जन का अस्तित्व किसी अन्य तकनीकी या संगठनात्मक आधार पर जारी रखेंगे। ऐसी निरंतरता के लिए उन व्यक्तियों और संरचनाओं की सहमति अपेक्षित नहीं है जो इस घोषणा के कार्यान्वयन में बाधा डाल रहे हैं।

Earthlings जन की विधिपूर्ण निरंतरता केवल वही है जिसमें तीन शर्तें एक साथ पूरी हों:

  1. अपरिवर्तनीय मूल के सिद्धांत पूरी तरह बनाए रखे गए हों; जो उन्हें बदलता है, वह परिभाषा से ही कोई अन्य संरचना बनाता है;
  2. निरंतरता उन सत्यापित earthlings के बहुमत की स्वतंत्र इच्छा पर आधारित हो जो उसे व्यक्त कर सके; इच्छा «एक व्यक्ति - एक मत» के सिद्धांत पर व्यक्त की जाती है;
  3. संक्रमण खुले तौर पर और सत्यापनीय रीति से किया जाए।

न अवसंरचना का धारण, न प्रोग्राम कोड का स्वामित्व, न निगमित निकायों पर नियंत्रण स्वयं ही जन की निरंतरता है।

घोषणा की सर्वोच्चता। चार्टर, आंतरिक विनियम, सभा के निर्णय, कार्यभार, तकनीकी नियम और कोई भी अन्य दस्तावेज़ केवल इस घोषणा के अनुरूप ही अंगीकृत किए जाते हैं। व्युत्पन्न दस्तावेज़ का वह उपबंध जो उससे टकराता है, अंगीकृत किए जाने के क्षण से शून्य है और लागू नहीं किया जाएगा। पाया गया विरोधाभास व्युत्पन्न दस्तावेज़ को घोषणा के अनुरूप लाकर दूर किया जाता है, न कि घोषणा को बदलकर।

भाषाएँ और निर्वचन। «जन» शब्द इस घोषणा में उसी अर्थ में प्रयुक्त है जो अंतरराष्ट्रीय विधि आत्मनिर्णय के अधिकार के धारक को देती है: संयुक्त राष्ट्र चार्टर, अनुच्छेद 1, खंड 2, और अधिकारों की 1966 की प्रसंविदाओं का साझा अनुच्छेद 1। इस घोषणा के अनुवादों में यही अर्थ फिर से दिया जाता है। जिन भाषाओं में उक्त संधियों के प्राधिकृत पाठ विद्यमान हैं, उनके लिए शब्द उन्हीं पाठों से लिया जाता है। शेष भाषाओं के लिए वह शब्द लिया जाता है जो नागरिक तथा राजनीतिक अधिकारों की अंतरराष्ट्रीय प्रसंविदा के आधिकारिक अनुवाद में प्रयुक्त है, और उसके अभाव में - ऐसा शब्द जो उक्त अर्थ को व्यक्त करता हो, पहले प्रयोग पर स्पष्टीकरण के साथ।

यह घोषणा रूसी और अंग्रेज़ी भाषाओं में अंगीकृत की जाती है। दोनों पाठ प्राधिकृत हैं। उनके बीच अंतर होने पर वह निर्वचन लागू होता है जो व्यक्ति को अधिक ऊँचा संरक्षण देता है। यदि तुलना से अंतर हल न हो, तो रूसी पाठ का अर्थ लागू होता है। शेष भाषाओं के अनुवाद आधिकारिक हैं।

अनुच्छेद 12. घोषणा का अंगीकरण

यह घोषणा __________ को उन लोगों के मतदान से अंगीकृत की गई जिन्होंने अपनी पहचान का सत्यापन कराया था, «एक व्यक्ति - एक मत» के सिद्धांत पर। मतदान रूसी और अंग्रेज़ी पाठों पर हुआ, जिन्हें प्राधिकृत माना गया है।

अंगीकरण के पक्ष में ______ मत डाले गए, कुल ______ डाले गए मतों में से, और मतदान के दिन ______ सत्यापित लोग थे।

इस दिन से Earthlings जन स्थापित है, और इस घोषणा पर हस्ताक्षर करने वाले earthlings हैं।

भाग I के सिद्धांतों की अपरिवर्तनीयता उन्हीं लोगों के निर्णय पर आधारित है जिन्हें ये सिद्धांत बाध्य करते हैं।

हम, जिन्होंने इस घोषणा पर हस्ताक्षर किए हैं, उसके आधारों, उसकी बाध्यताओं और उसकी सीमाओं को स्वीकार करते हैं और साक्ष्य देते हैं कि हम अपनी स्वतंत्र इच्छा से Earthlings जन से संबद्ध हैं।